यह राष्ट्रपति का अपमान है,आदिवासी समाज का अपमान है
पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने आज पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और बंगाल सरकार द्वारा महाहिम राष्ट्रपति के साथ किए गए व्यवहार की कड़ी निंदा की।
श्री मरांडी ने कहा कि पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग में आयोजित 9वें अंतर्राष्ट्रीय संथाल सम्मेलन के दौरान महामहिम राष्ट्रपति महोदया, संथाल आदिवासी समाज की बेटी द्रौपदी मुर्मू जी के साथ पश्चिम बंगाल सरकार का व्यवहार अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है।
कहा कि देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति के प्रति इस प्रकार का रवैया न केवल प्रोटोकॉल का उल्लंघन है, बल्कि यह आदिवासी समाज की भावनाओं को भी आहत करता है। राष्ट्रपति महोदया के शब्दों में जो पीड़ा और असहजता झलक रही थी, वह पूरे देश ने महसूस की।
कहा कि ममता दीदी, राजनीति अपनी जगह है, लेकिन राष्ट्र के सर्वोच्च पद और उससे जुड़े प्रोटोकॉल का सम्मान हर राज्य सरकार की जिम्मेदारी होती है। आपसे अपेक्षा थी कि आप लोकतांत्रिक मर्यादाओं, संवैधानिक पदों के सम्मान और शिष्टाचार का पालन सुनिश्चित करेंगी, लेकिन आपने सत्ता के अहंकार में राष्ट्रपति पद की गरिमा और संताल आदिवासी समाज को अपमानित करने का काम किया है।

